संवाद न्यूज एजेंसीयमुनानगर। जिले के 10 राजकीय हाई स्कूलों और 74 सीनियर सेकेंडरी स्कूलों को खेलों का सामान खरीदने के लिए एक-एक लाख रुपये की राशि दी गई है। इस राशि से स्कूलों में खेल उपकरण खरीदे जा सकेंगे। खेल का सामान खरीदने के बाद यदि राशि बचती है तो उससे खेल मैदानों की हालत सुधारने पर खर्च किया जा सकेगा।शिक्षा विभाग की इस पहल से जिले के 84 राजकीय स्कूलों को लाभ मिलेगा। स्कूलों में खेल सुविधाएं बेहतर होने से विद्यार्थियों को अभ्यास करने के लिए जरूरी संसाधन उपलब्ध हो सकेंगे। खासकर उन खेलों के खिलाड़ियों को फायदा मिलने की उम्मीद है, जिनके लिए सीमित जगह में भी अभ्यास की व्यवस्था की जा सकती है।स्कूलों को मिली राशि से विभिन्न खेलों से संबंधित सामान खरीदा जा सकेगा। इसके अलावा बची हुई राशि का इस्तेमाल खेल मैदानों की दशा सुधारने के लिए किया जा सकेगा। कई स्कूलों में मैदानों को दुरुस्त करने और अभ्यास के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की जरूरत रहती है। ऐसे में इस राशि से स्कूल अपनी जरूरत के अनुसार खेल संसाधनों को बेहतर बना सकेंगे।बास्केटबॉल, वॉलीबॉल, बैडमिंटन, लॉन टेनिस और कबड्डी जैसे खेलों के खिलाड़ियों को इससे विशेष लाभ मिल सकता है। इन खेलों के लिए अपेक्षाकृत छोटे मैदान या निर्धारित खेल क्षेत्र में अभ्यास किया जा सकता है। खेल उपकरण उपलब्ध होने और मैदानों की स्थिति बेहतर होने से विद्यार्थियों को नियमित अभ्यास का अवसर मिलेगा।खेल प्रतिभाओं को निखारने में मिलेगी मदद समग्र शिक्षा अभियान के जिला परियोजना अधिकारी केएस संधावा ने बताया कि जिले के सभी राजकीय हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों को खेलों का सामान खरीदने के लिए एक-एक लाख रुपये दिए गए हैं। स्कूल इस राशि से अपनी जरूरत के अनुसार खेल उपकरण खरीद सकेंगे। उन्होंने बताया कि उपकरण खरीदने के बाद बचने वाली राशि से खेल मैदानों की दशा भी सुधारी जा सकती है। स्कूलों में खेल सुविधाएं बेहतर होने से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर मिलेगा।

मुख्य पुष्ट तथ्य और जांच के अहम बिंदु

  • •संवाद न्यूज एजेंसीयमुनानगर। जिले के 10 राजकीय हाई स्कूलों और 74 सीनियर सेकेंडरी स्कूलों को खेलों का सामान खरीदने के लिए एक-एक लाख रुपये की राशि दी गई है। इस राशि से स्कूलों में खेल उपकरण खरीदे जा सकेंगे। खेल का सामान खरीदने के बाद यदि राशि बचती है तो उससे खेल मैदानों की हालत सुधारने पर खर्च किया जा सकेगा।शिक्षा विभाग की इस पहल से जिले के 84 राजकीय स्कूलों को लाभ मिलेगा। स्कूलों में खेल सुविधाएं बेहतर होने से विद्यार्थियों को अभ्यास करने के लिए जरूरी संसाधन उपलब्ध हो सकेंगे। खासकर उन खेलों के खिलाड़ियों को फायदा मिलने की उम्मीद है, जिनके लिए सीमित जगह में भी अभ्यास की व्यवस्था की जा सकती है।स्कूलों को मिली राशि से विभिन्न खेलों से संबंधित सामान खरीदा जा सकेगा। इसके अलावा बची हुई राशि का इस्तेमाल खेल मैदानों की दशा सुधारने के लिए किया जा सकेगा। कई स्कूलों में मैदानों को दुरुस्त करने और अभ्यास के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की जरूरत रहती है। ऐसे में इस राशि से स्कूल अपनी जरूरत के अनुसार खेल संसाधनों को बेहतर बना सकेंगे।बास्केटबॉल, वॉलीबॉल, बैडमिंटन, लॉन टेनिस और कबड्डी जैसे खेलों के खिलाड़ियों को इससे विशेष लाभ मिल सकता है। इन खेलों के लिए अपेक्षाकृत छोटे मैदान या निर्धारित खेल क्षेत्र में अभ्यास किया जा सकता है। खेल उपकरण उपलब्ध होने और मैदानों की स्थिति बेहतर होने से विद्यार्थियों को नियमित अभ्यास का अवसर मिलेगा।खेल प्रतिभाओं को निखारने में मिलेगी मदद समग्र शिक्षा अभियान के जिला परियोजना अधिकारी केएस संधावा ने बताया कि जिले के सभी राजकीय हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों को खेलों का सामान खरीदने के लिए एक-एक लाख रुपये दिए गए हैं। स्कूल इस राशि से अपनी जरूरत के अनुसार खेल उपकरण खरीद सकेंगे। उन्होंने बताया कि उपकरण खरीदने के बाद बचने वाली राशि से खेल मैदानों की दशा भी सुधारी जा सकती है। स्कूलों में खेल सुविधाएं बेहतर होने से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर मिलेगा।

ताजा स्थिति व आगे का अपडेट

संबंधित विभाग और जांच एजेंसियां मामले के सभी पहलुओं का अध्ययन कर रही हैं। किसी भी नए आधिकारिक अपडेट की पुष्टि होते ही जानकारी साझा की जाएगी।