दूसरी ओर, प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ का असर अब भी बना हुआ है। लखनऊ में गोमती का जलस्तर घटने के बाद भी प्रभावित इलाकों में कीचड़, कचरे और बदबू से लोग परेशान हैं। सीतापुर में खेतों में पानी भरा होने से धान की फसल को नुकसान का खतरा है। वहीं, प्रयागराज के झूंसी में गंगा के बीच स्थित करीब 20 साल पुराना तीन मंजिला आश्रम ढह गया। मलबे में तीन लोगों के दबने की सूचना मिली, जिनमें से दो को बचा लिया गया। तीसरे की तलाश जारी है।
मौसम का ताजा हाल: किन इलाकों में दिखा बड़ा असर?
💡 यह भी पढ़ें: दशहरे पर बारिश बिगाड़ सकती है जश्न का रंग: इंदौर-उज्जैन में आंधी का भी अलर्ट, 15 जिलों में आज बरसेंगे बादल
दूसरी ओर, प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ का असर अब भी बना हुआ है। लखनऊ में गोमती का जलस्तर घटने के बाद भी प्रभावित इलाकों में कीचड़, कचरे और बदबू से लोग परेशान हैं। सीतापुर में खेतों में पानी भरा होने से धान की फसल को नुकसान का खतरा है।
वहीं, प्रयागराज के झूंसी में गंगा के बीच स्थित करीब 20 साल पुराना तीन मंजिला आश्रम ढह गया। मलबे में तीन लोगों के दबने की सूचना मिली, जिनमें से दो को बचा लिया गया। तीसरे की तलाश जारी है।
📌 संबंधित रिपोर्ट: बिहार में ठंड की दस्तक: अधिकतम तापमान में गिरावट, अगले 5 दिनों तक कैसा रहेगा मौसम?
तापमान, बारिश और मौसम विभाग के आंकड़े
- •दूसरी ओर, प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ का असर अब भी बना हुआ है। लखनऊ में गोमती का जलस्तर घटने के बाद भी प्रभावित इलाकों में कीचड़, कचरे और बदबू से लोग परेशान हैं। सीतापुर में खेतों में पानी भरा होने से धान की फसल को नुकसान का खतरा है।
- •वहीं, प्रयागराज के झूंसी में गंगा के बीच स्थित करीब 20 साल पुराना तीन मंजिला आश्रम ढह गया। मलबे में तीन लोगों के दबने की सूचना मिली, जिनमें से दो को बचा लिया गया। तीसरे की तलाश जारी है।
ताजा स्थिति व आगे का अपडेट
संबंधित विभाग और जांच एजेंसियां मामले के सभी पहलुओं का अध्ययन कर रही हैं। किसी भी नए आधिकारिक अपडेट की पुष्टि होते ही जानकारी साझा की जाएगी।





