रंजीत यादव शनिवार सुबह करीब 10 बजे पूर्वा एक्सप्रेस से कोडरमा स्टेशन पहुंचे थे। स्टेशन से बाहर आकर वह गिरिडीह के जमुआ स्थित अपने गांव जाने के लिए बस की तलाश में महाराणा प्रताप चौक की ओर पैदल जा रहे थे। अशोका होटल के पास एक अज्ञात बाइक सवार ने उनसे गांव का पता पूछा। जमुआ बताने पर उसने खुद को भी वहीं का बताकर रंजीत को बाइक पर बैठा लिया। उसने अपने एक साथी को भी बुलाया।
वारदात कैसे हुई और कैसे खुला राज
रंजीत यादव शनिवार सुबह करीब 10 बजे पूर्वा एक्सप्रेस से कोडरमा स्टेशन पहुंचे थे। स्टेशन से बाहर आकर वह गिरिडीह के जमुआ स्थित अपने गांव जाने के लिए बस की तलाश में महाराणा प्रताप चौक की ओर पैदल जा रहे थे।
अशोका होटल के पास एक अज्ञात बाइक सवार ने उनसे गांव का पता पूछा। जमुआ बताने पर उसने खुद को भी वहीं का बताकर रंजीत को बाइक पर बैठा लिया। उसने अपने एक साथी को भी बुलाया।
पुलिस जांच व बरामदगी: क्या आया सामने
- •रंजीत यादव शनिवार सुबह करीब 10 बजे पूर्वा एक्सप्रेस से कोडरमा स्टेशन पहुंचे थे। स्टेशन से बाहर आकर वह गिरिडीह के जमुआ स्थित अपने गांव जाने के लिए बस की तलाश में महाराणा प्रताप चौक की ओर पैदल जा रहे थे।
- •अशोका होटल के पास एक अज्ञात बाइक सवार ने उनसे गांव का पता पूछा। जमुआ बताने पर उसने खुद को भी वहीं का बताकर रंजीत को बाइक पर बैठा लिया। उसने अपने एक साथी को भी बुलाया।
ताजा स्थिति व आगे का अपडेट
इस विकास का सीधा प्रभाव संबंधित क्षेत्र और हितधारकों पर देखा जा रहा है। घटनाक्रम पर पैनी नजर बनी हुई है।
